Breaking News
VSK Foundation Jaipur Logo - विश्व संवाद केंद्र जयपुर
विश्व संवाद केंद्र, जयपुर ( VSK Foundation Jaipur )

जयपुर में 4 से 6 दिसंबर तक होगा 'लोकमंथन 2026'; 1 जुलाई को होगी स्वागत एवं आयोजन समिति की घोषणा

By चंद्रशेखर June 30, 2026
समाचार › राजस्थान विविध
जयपुर में 4 से 6 दिसंबर तक होगा 'लोकमंथन 2026'; 1 जुलाई को होगी स्वागत एवं आयोजन समिति की घोषणा
जयपुर, 30 जून 2026 भारतीय ज्ञान परंपरा, लोक संस्कृति एवं राष्ट्रीय चिंतन के प्रतिष्ठित राष्ट्रीय आयोजन 'लोकमंथन 2026' का आयोजन 4, 5 एवं 6 दिसंबर 2026 को जयपुर में होगा। लोकमंथन 2026 की तैयारियों को गति देते हुए 1 जुलाई 2026 (बुधवार) सायं 5:00 बजे कॉन्स्टिट्यूशन क्लब, जयपुर में एक विशेष कार्यक्रम आयोजित किया जाएगा, जिसमें स्वागत समिति एवं आयोजन समिति की औपचारिक घोषणा की जाएगी। इसी के साथ लोकमंथन 2026 की तैयारियों का औपचारिक शुभारंभ भी होगा। कार्यक्रम के मुख्य अतिथि राजस्थान के माननीय मुख्यमंत्री श्री भजनलाल शर्मा होंगे। मुख्य वक्ता के रूप में प्रज्ञा प्रवाह के अखिल भारतीय संयोजक श्री जे. नंदकुमार अपने विचार रखेंगे। विशिष्ट अतिथि के रूप में पद्मश्री सम्मानित लोक कलाकार श्री तगाराम भील उपस्थित रहेंगे। इस अवसर पर केंद्रीय संस्कृति एवं पर्यटन मंत्री श्री गजेंद्र सिंह शेखावत की गरिमामयी उपस्थिति रहेगी। साथ ही राजस्थान की उपमुख्यमंत्री श्रीमती दिया कुमारी, उपमुख्यमंत्री डॉ. प्रेमचंद बैरवा तथा राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के क्षेत्र संघचालक डॉ. रमेश अग्रवाल की विशेष उपस्थिति रहेगी । इस वर्ष लोकमंथन 2026 का विषय "हम भारत के लोग" रखा गया है। "हम भारत के लोग" विषय पर आधारित यह त्रिदिवसीय लोकमंथन भारत की लोक परंपराओं, सांस्कृतिक विरासत, जनजातीय ज्ञान, भारतीय ज्ञान परंपरा तथा राष्ट्रीय जीवन मूल्यों पर व्यापक राष्ट्रीय विमर्श का मंच बनेगा। इस आयोजन में देशभर से विद्वान, शिक्षाविद, शोधकर्ता, कलाधर्मी, साहित्यकार, लोक कलाकार, जनजातीय समाज के प्रतिनिधि तथा विभिन्न क्षेत्रों के विशेषज्ञ सहभागिता करेंगे। लोकमंथन 2026 का उद्देश्य भारतीय दृष्टि से समकालीन राष्ट्रीय विषयों पर सार्थक संवाद को आगे बढ़ाना तथा भारत की लोक एवं ज्ञान परंपराओं को समाज के विविध वर्गों तक पहुँचाना है। यह आयोजन भारत की सांस्कृतिक चेतना, लोकबोध और राष्ट्रचिंतन को नई ऊर्जा प्रदान करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल सिद्ध होगा। आयोजकों ने प्रबुद्धजनों, कलाधर्मियों, शिक्षाविदों, शोधकर्ताओं, साहित्यकारों, लोक कलाकारों, उद्योग जगत, प्रशासनिक अधिकारियों, सामाजिक संगठनों, युवाओं एवं मीडिया प्रतिनिधियों से कार्यक्रम में सहभागिता कर लोकमंथन 2026 के इस राष्ट्रीय आयोजन का सहभागी बनने का आग्रह किया है|

Related Articles

एकात्म मानवदर्शन केवल भारत नहीं, समस्त मानवता के लिए मार्गदर्शक : होसबाले

बोले- दीनदयाल ने भारत को भारत बनाने की जीवन दृष्टि दी, इसे सामाजिक जीवन में उतारने की जरूरत; तकनीक मानव के सुख के लिए हो

Sep 25, 2026

दीनदयाल मेले में दिखी स्वदेशी और संस्कृति की झलक, किसान चौपाल में कृषि की नई तकनीकों पर हुआ मंथन

कृषि विश्वविद्यालय जोबनेर ने धानक्या गांव को गोद लेने और स्वदेशी शोध पीठ स्थापित करने की घोषणा

Sep 24, 2026

‘हम भारत के लोग’ पर लोक मंथन: भारतीयता को पश्चिमी नजरिए से नहीं, ‘स्व’ के दृष्टिकोण से समझने की जरूरत

जे. नंदकुमार बोले—लोक केवल परंपरा नहीं, भारत की सांस्कृतिक चेतना का आधार; लोकज्ञान को मुख्यधारा से जोड़ना जरूरी

Sep 23, 2026

‘हम भारत के लोग’ के संदेश के साथ जयपुर में निकली लोकमंथन यात्रा

5000 से अधिक लोगों की सहभागिता, 3500 से अधिक कॉलेज विद्यार्थियों ने लिया भाग; लोक संस्कृति के रंगों से सजा महारानी कॉलेज

Sep 22, 2026

“गुरु तेग बहादुर के बलिदान से टूटे औरंगजेब के मंसूबे, धर्म की रक्षा के लिए शहादत की मिसाल बने”: डॉ. कृष्ण गोपाल

गुरु नानकदेव ने विविधताओं के बीच एकत्व का भाव जगाया, इसी परंपरा में गुरु तेग बहादुर ने धर्म की रक्षा के लिए दिया बलिदान

Sep 22, 2026